दुर्ग
दुर्ग की मासूम बच्ची के पीड़ित परिवार से मुलाक़ात की कांग्रेस नेताओं ने
परिजनों की व्यथा सुनना आसान नहीं था — हर शब्द व्यवस्था की विफलता की गवाही दे रहा था

AINS NEWS… परिवार का कहना है कि घटना के बाद प्रशासन ने न्याय दिलाने की बजाय लीपापोती में सारी ताक़त झोंक दी।

पुलिस ने घर की महिलाओं और बुजुर्गों के साथ बर्बरता की हदें पार कर दीं, वहीं पुरुष परिजनों पर झूठा अपराध कबूल करने का दबाव बनाया गया।
सबसे चौंकाने वाली बात ये रही कि मृतका की छोटी बहन तक को नहीं बख्शा गया — उसे इतनी बेरहमी से मारा गया कि गाल के भीतर गहरा घाव हो गया।
सरकार ने अपनी विफलता को छुपाने के लिए शोक संतप्त परिजनों पर डंडे का प्रयोग किया है। यह सिर्फ निंदनीय नहीं, मानवता पर प्रहार है।
दीपक बैज, प्रदेश अध्यक्ष, छग कांग्रेस




