समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष बने डॉक्टर ओम प्रकाश साहू, भाजपा और कांग्रेस के समीकरण बिगड़ सकते हैं
डॉक्टर साहब आयुष चिकित्सक हैं, आयुष यूनिवर्सिटी छत्तीसगढ़ से पास आउट है

AINS RAIPUR…डॉक्टर ओम प्रकाश साहू प्रदेश में तेली समाज से उभरता हुआ एकमात्र समाजवादी सोना है।आज जब समाजवादी पार्टी कह देने से लोग शसंकित नजर से देखने लगते हैं तब अपनी सादगी वैचारिक निष्ठा चरित्र और सबसे बड़े समाजवादी निर्भीकता के लिए जाने जाते हैं।

भाजपाई हो या कांग्रेसी ऐसा कोई नहीं जो डॉक्टर साहब से राजनीतिक मशवरा और सहयोग लेते न हो, डॉक्टर साहब आयुष चिकित्सक हैं, आयुष यूनिवर्सिटी छत्तीसगढ़ से पास आउट है, कोरोना के समय समाज पर आई विपदा पर देश सेवा में मिसाल पेश करते हुए सरकारी कोविड सेंटर में मेडिकल ऑफिसर के पद पर निर्भाव मन से सेवा किए, क्षेत्र के लोगों का कहना है कि डॉक्टर साहब की वजह से क्षेत्र में मौत का आंकड़ा सबसे नीचे रहा, कोरोना पर इनकी समझ ऐसी रही कि अपनी क्लीनिक में रोजाना 100 से अधिक मरीज देखते रहे वह भी सामान्य प्रोटेक्शन के साथ। समाजवादी पार्टी में सन 2000 से लगातार प्रदेश की सभी सदस्यों की कमेटी में रहे, ऐसे हीरे पर पार्टी की नजर देर से ही पड़ी और समाजवादी पार्टी की केंद्रीय समिति समझ चुकी है यदि समाजवादी पार्टी को छत्तीसगढ़ में पैठ बनानी है तो डॉक्टर ओम प्रकाश साहू के जरिए ही ऐसा संभव हो सकता है।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में साहू समाज के 40 लाख मतदाता है, छत्तीसगढ़ में सिर्फ यही समाज हावी है और ओम प्रकाश साहू पार्टी के तीन बार प्रदेश सचिव एक बार प्रदेश उपाध्यक्ष, संगठन प्रभारी और कार्यकारिणी के सदस्य के साथ राष्ट्रीय कमेटी में भी रह चुके हैं। आज जब समाजवादी लोग ढूंढने पर नहीं मिलते ऐसे में पार्टी की नजर डॉक्टर साहब पर देर से जाना आश्चर्य से परे है। समाजवादी पार्टी के डॉक्टर साहब को प्रदेश अध्यक्ष छत्तीसगढ़ बनाकर जो दांव खेला है उसे प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस के समीकरण बिगड़ते दिख रहे हैं।




