अमेरिका ने भारत को लेकर जारी की एक नई ट्रैवल एडवाइजरी, बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और मेघालय—को रखा “हाई रिस्क ज़ोन” में
कांग्रेस नेताओं ने इस एडवाइजरी को राज्य की सुरक्षा स्थिति पर अंतरराष्ट्रीय टिप्पणी करार दिया

AINS NEWS… अमेरिका ने अपने नागरिकों के लिए भारत को लेकर एक नई ट्रैवल एडवाइजरी जारी की है, जिसमें देश के 6 राज्यों—बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल, ओडिशा और मेघालय—को “हाई रिस्क ज़ोन” में रखा गया है। एडवाइजरी में माओवादी हिंसा, महिलाओं की सुरक्षा और आतंकी घटनाओं के मद्देनज़र इन राज्यों में यात्रा से पहले सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है।

छत्तीसगढ़ को इस सूची में शामिल किए जाने पर राज्य की राजनीति गरमा गई है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रतिक्रिया में केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए पूछा, “क्या यही है अमृतकाल?” उन्होंने अमेरिका द्वारा छत्तीसगढ़ को असुरक्षित राज्य बताए जाने को प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति की विफलता बताया।
कांग्रेस नेताओं ने इस एडवाइजरी को राज्य की सुरक्षा स्थिति पर अंतरराष्ट्रीय टिप्पणी करार दिया।
विकास उपाध्याय (पूर्व विधायक, कांग्रेस) ने कहा कि यह राज्य सरकार की विफलता का वैश्विक प्रमाण है।
टीएस सिंहदेव ने कहा कि अमेरिका ने स्पष्ट रूप से महिलाओं को अकेले यात्रा न करने की सलाह दी है, जो देश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गम्भीर चिंता को दर्शाता है।
“बेटी बचाओ” अब केवल नारा और पोस्टर बनकर रह गया है। भारत को अंतरराष्ट्रीय मंच पर शर्मिंदगी उठानी पड़ रही है। — टीएस सिंहदेव
भाजपा का पलटवार
भाजपा ने कांग्रेस पर अपने ही राज्य की छवि खराब करने का आरोप लगाया।
अमित चिमनानी (प्रदेश मीडिया प्रभारी, भाजपा) ने कहा कि कांग्रेस नेता अमेरिकी एडवाइजरी को तोड़-मरोड़ कर पेश कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अमेरिका ने केवल सतर्कता बरतने और जानकारी देने की बात कही है, यात्रा पूरी तरह प्रतिबंधित नहीं की गई है।
“कांग्रेस नेता प्रदेश को बदनाम कर रहे हैं। अमेरिका ने सिर्फ सावधानी बरतने की बात कही है, यात्रा पर रोक नहीं लगाई है।” — अमित चिमनानी
नक्सल प्रभावित क्षेत्रों जैसे छत्तीसगढ़ और झारखंड में माओवादी हमलों का खतरा बताया गया है।
सरकारी अधिकारियों, अर्धसैनिक बलों और पुलिसकर्मियों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं का हवाला दिया गया।
इन राज्यों में अमेरिकी सरकारी कर्मचारियों को यात्रा से पहले विशेष अनुमति लेने का निर्देश दिया गया है।
महिलाओं की सुरक्षा पर चिंता जताते हुए एकाकी महिला यात्रियों को इन क्षेत्रों में न जाने की सलाह दी गई है।




