बारिश के बीच मन सकती है दीपावली, छत्तीसगढ़ में मौसम ने ले लिया अचानक यू-टर्न
19 से 21 अक्टूबर तक प्रदेश के 22 जिलों में तेज बारिश का येलो अलर्ट जारी

AINS NEWS… त्योहारों के ठीक पहले छत्तीसगढ़ में मौसम ने अचानक यू-टर्न ले लिया है। मानसून की विदाई के बाद जो मौसम शुष्क हो चुका था, अब वापस बरसने को तैयार है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों के लिए यानी 19 से 21 अक्टूबर तक प्रदेश के 22 जिलों में तेज बारिश का येलो अलर्ट जारी कर दिया है।

छत्तीसगढ़ में मानसून सीजन आधिकारिक तौर पर गुज़र चुका था। हम सब गुलाबी ठंड के आगमन की उम्मीद कर रहे थे, लेकिन अब अचानक से हवाओं का रुख बदल गया है। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में बारिश का एक नया दौर शुरू होने जा रहा है।
मौसम विभाग के मुताबिक, यह नया सिस्टम 19 अक्टूबर से एक्टिव हो रहा है। शुरुआत होगी दक्षिणी छत्तीसगढ़ के जिलों से, यानी बस्तर संभाग से। और फिर, 20 अक्टूबर से यह मध्य और उत्तरी छत्तीसगढ़ के भी कई हिस्सों को अपनी चपेट में ले लेगा। सवाल ये है कि ये बारिश क्यों हो रही है? दरअसल, बंगाल की खाड़ी में बने एक मौसमी सिस्टम के प्रभाव से यह नमी छत्तीसगढ़ तक पहुँच रही है, जो अब पोस्ट-मानसून सीजन में झमाझम बारिश के हालात पैदा कर रही है। यह अचानक हुई वापसी, किसानों के लिए भले ही थोड़ी उम्मीद जगाए, लेकिन दीपावली की खरीदारी और तैयारियों में जुटे लोगों के लिए एक बड़ी चुनौती है।
1. 19 अक्टूबर
इन जिलों में तेज बारिश, साथ ही गरज-चमक और बिजली गिरने की भी प्रबल संभावना है। ये वो जिले हैं जहां प्राकृतिक आपदाओं का खतरा ज्यादा होता है, इसलिए लोगों को खुले में रहने और पेड़ों के नीचे शरण लेने से बचने की सलाह दी जाती है।
2. 20 अक्टूबर
20 अक्टूबर से बारिश का दायरा बढ़ेगा और मध्य छत्तीसगढ़ भी इसकी चपेट में आएगा। यह दिन छोटी दिवाली से ठीक पहले का है, जब सबसे ज़्यादा बाज़ारों में भीड़ होती है।
इन सभी 15 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ येलो अलर्ट जारी किया गया है। इसका मतलब है कि मौसम पर नज़र बनाए रखें और अपनी दैनिक गतिविधियों में ज़रूरी बदलाव करें।
3. 21 अक्टूबर
21 अक्टूबर को यह सिस्टम अपने चरम पर होगा, और छत्तीसगढ़ के बड़े हिस्से को प्रभावित करेगा।
इस दिन लगभग 20 जिलों में ज़ोरदार बारिश का अलर्ट जारी है। दुर्ग और बिलासपुर संभाग में भी बारिश की गतिविधियां तेज़ होंगी। दीपावली के ठीक एक दिन पहले ऐसी ज़ोरदार बारिश न सिर्फ सड़कों पर पानी भर सकती है, बल्कि मिट्टी के दीयों और मिठाइयों के व्यापार को भी प्रभावित कर सकती है।
राजधानी रायपुर में, जहां दिवाली की धूम सबसे ज़्यादा होती है, वहाँ रविवार आज,19 अक्टूबर से ही आसमान में बादल छाने लगेंगे और हल्की बूंदाबांदी की संभावना है। 20 और 21 अक्टूबर को यह बारिश मध्यम स्तर की हो सकती है। यानी, रायपुर वासियों को अपनी दिवाली की तैयारी थोड़ी तेज़ी से और सावधानी से करनी पड़ेगी।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, यह मौसमी बदलाव ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण और नमी के कारण हो रहा है। हालाँकि, यह बारिश मानसून जैसी लगातार नहीं होगी, बल्कि रुक-रुक कर और गरज-चमक के साथ होने की संभावना है।




